भोपाल एम्स में मरीजों को आसान भाषा में समझाया जाएगा कैंसर के इलाज का तरीका

Updated on 27-01-2026 12:40 PM
भोपाल। कैंसर का नाम सुनते ही अक्सर मरीज और उनके स्वजन गहरे मानसिक तनाव और डर में डूब जाते हैं। इलाज से ज्यादा बीमारी को लेकर फैली भ्रांतियां उन्हें तोड़ देती हैं। इस डर को खत्म करने और मरीजों को मानसिक रूप से मजबूत बनाने के लिए एम्स भोपाल ने एक शुरुआत की है। संस्थान में कैंसर अवेयरनेस एंड पेशेंट एम्पावरमेंट (केप) सुविधा केंद्र खोला गया है। यह केंद्र अस्पताल के तकनीकी इलाज और मरीज की सामान्य समझ के बीच एक मजबूत सेतु का काम करेगा।
भ्रांतियों को दूर कर बढ़ाएंगे हौसला
अक्सर जानकारी के अभाव में मरीज सही समय पर जांच नहीं कराते या इलाज बीच में ही छोड़ देते हैं। ''केप'' केंद्र का मुख्य उद्देश्य कैंसर से जुड़ी गलतफहमियों को दूर करना है। यहां मरीजों को डराने के बजाय उन्हें बीमारी के स्वरूप, उपचार के विकल्पों और दवाइयों के दुष्प्रभावों के बारे में सरल और आम बोलचाल की भाषा में समझाया जाएगा। यह केंद्र राष्ट्रीय स्वास्थ्य नीति के उस संकल्प को पूरा करता है, जिसमें मरीज की जरूरतों को सर्वोपरि रखा गया है।

विशेषज्ञों की टीम ने तैयार किया खाका

इस केंद्र को सिमुलेशन, ई-लर्निंग एवं टेलीमेडिसिन समिति के मार्गदर्शन में विकसित किया गया है। इसमें वरिष्ठ संचार विशेषज्ञ बीरेंद्र दास के परामर्श के साथ डीन प्रो. रजनीश जोशी, संजीव कुमार, सैकत दास और गुंजन चौकसे ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। केंद्र में केवल सूचनाएं नहीं दी जाएंगी, बल्कि दृश्य-श्रव्य (वीडियो) माध्यमों से दो-तरफा बातचीत की जाएगी ताकि परिजनों के मन में उठने वाले हर सवाल का जवाब मिल सके।

समय पर इलाज से बचेगी जान

भारत में कैंसर के बढ़ते बोझ को कम करने के लिए समय पर पहचान सबसे जरूरी है। ''केप'' सुविधा केंद्र लोगों को जागरूक करेगा कि वे बिना डरे समय पर जांच करवाएं। जानकारी के अभाव में होने वाली देरी को कम करके यह केंद्र न केवल मरीजों की जान बचाएगा, बल्कि इलाज के बाद भी उनकी जीवनशैली को बेहतर बनाने में मार्गदर्शन देगा। यह पहल कैंसर के उपचार को केवल एक डॉक्टरी प्रक्रिया से ऊपर उठाकर भरोसे और संवाद की दिशा में एक बड़ा कदम है।

''केप'' केंद्र की खासियतें

  • सरल भाषा: डाक्टरों की कठिन शब्दावली के बजाय स्थानीय भाषा में संवाद।
  • दृश्य-श्रव्य माध्यम: वीडियो के जरिए इलाज की प्रक्रिया और जीवनशैली में बदलाव की समझ।
  • मानसिक संबल: बीमारी के नाम से होने वाले तनाव और सामाजिक डर को कम करना।
  • भरोसे का रिश्ता: मरीज और डाक्टर के बीच बेहतर तालमेल और उपचार के सटीक निर्णय।

जीवनशैली में बदलाव के सुझाव

  • तंबाकू और शराब से दूरी: कैंसर के 40 प्रतिशत मामलों की मुख्य वजह यही है।
  • हेल्दी डाइट: ताजे फल और हरी सब्जियों का अधिक सेवन करें।
  • नियमित व्यायाम: दिन में कम से कम 30 मिनट पैदल चलें या योग करें।
  • नियमित जांच: 40 वर्ष की आयु के बाद साल में एक बार फुल बाडी चेकअप जरूर कराएं।

कैंसर के खिलाफ लड़ाई केवल दवाओं से नहीं, बल्कि सही जानकारी और इच्छाशक्ति से भी जीती जाती है। यह केंद्र मरीजों को सशक्त बनाएगा ताकि वे अपनी बीमारी को समझ सकें और बिना किसी डर के इलाज करा सकें।

- प्रो. माधवानंद कर, कार्यपालक निदेशक, एम्स भोपाल।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 24 June 2026
 भोपाल, मध्य प्रदेश के सागर स्थित बुंदेलखंड मेडिकल कॉलेज (BMC) में भर्ती एक मरीज की मौत हो गई। बायोप्सी की तैयारी के दौरान ईएनटी वार्ड में भर्ती मरीज को नर्स ने…
 24 June 2026
भोपाल, यात्रियों के लिए जुलाई में बड़ी परेशानी की खबर है। ललितपुर स्टेशन पर यार्ड रिमॉडलिंग के चलते भोपाल मंडल से गुजरने वाली ट्रेनों पर व्यापक असर पड़ेगा। रेलवे के अनुसार…
 24 June 2026
भोपाल, राजधानी भोपाल के सुभाषनगर से एम्स के बीच दौड़ रही मेट्रो अगले 2 दिन यानी, बुधवार और गुरुवार को बंद रहेगी। यह आम लोगों के लिए नहीं दौड़ेगी। दो दिन…
 24 June 2026
भोपाल/इंदौर/उज्जैन/ग्वालियर, मानसून दस्तक देने को है, लेकिन एमपी के शहरों की तैयारियां अब भी अधूरी हैं। भोपाल में मेट्रो, फ्लाईओवर, एलिवेटेड कॉरिडोर और चौड़ीकरण की वजह से सड़कें खुदी पड़ी हैं,…
 24 June 2026
भोपाल, शादी का प्रस्ताव ठुकराना किसी भी व्यक्ति का अधिकार है, लेकिन भोपाल की एक युवती के लिए यह फैसला पिछले एक साल से परेशानी की वजह बना हुआ है। युवती…
 24 June 2026
भोपाल। हुजूर तहसील में कृषि भूमि पर बिना अनुमति विकसित की जा रही अवैध कॉलोनियों के खिलाफ मंगलवार को जिला प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए बुलडोजर चलाया।प्रशासनिक टीम ने…
 24 June 2026
भोपाल। प्रदेश में नागरिकों को साइबर अपराधों से सुरक्षित रखने और जिम्मेदार डिजिटल व्यवहार को बढ़ावा देने के लिए बुधवार को भोपाल के रविंद्र भवन में राज्य स्तरीय साइबर जागरूकता…
 24 June 2026
भोपाल। हाई कोर्ट ने मध्य प्रदेश नर्सिंग काउंसिल को जीएनएम (तीन वर्षीय नर्सिंग डिप्लोमा) पाठ्यक्रम में 2022-23 में प्रवेश लेने वाले 245 कॉलेजों के 10 हजार विद्यार्थियों का रिजल्ट जारी…
 24 June 2026
भोपाल। नगर निगम की भवन अनुज्ञा शाखा के निर्देश पर मंगलवार को अशोका गार्डन स्थित मंडी चौराहा क्षेत्र में एक चार मंजिला भवन के कई हिस्सों तो तोड़ दिया गया।…
Advt.