मध्य प्रदेश में AI और संपदा टू सर्वे के आधार पर बने डाटा से निर्धारित होंगे प्रापर्टी के दाम

Updated on 06-12-2025 11:46 AM

भोपाल। मध्य प्रदेश में नई कलेक्टर गाइडलाइन बनाने की तैयारी शुरू हो गई है, इसके लिए एआई व संपदा टू सॉफ्टवेयर की मदद से सर्वे किया जा रहा है। इस सर्वे में पता लगाया जा रहा है कि किस जिले में कहां पर अधिक दाम पर रजिस्ट्रियां हुई हैं। इसी डाटा के आधार पर ही प्रापर्टी के दाम तय किए जाएंगे।

बता दें कि अभी ऑनलाइन माध्यम से सर्वे किया जा रहा है, इसके बाद राजस्व व पंजीयन अधिकारी जमीनी स्तर पर भी उन क्षेत्रों का सर्वे करेंगे, जहां पर तेजी से प्रापर्टी की खरीद-फरोख्त की जा रही है। बता दें कि वित्तीय वर्ष 2026-27 की कलेक्टर गाइडलाइन बनाने के महानिरीक्षक पंजीयन ने आदेश जारी कर दिए हैं, जिसके तहत फरवरी तक जिला मूल्यांकन समितियों को गाइडलाइन का प्रस्ताव तैयार कर केंद्रीय मूल्यांकन बोर्ड को भेजना है

सैटेलाइट इमेज निकाली जा रही

अधिकारी खंगाल रहे डाटा सभी जिलों में कलेक्टर गाइडलाइन तय करने के लिए राजस्व अधिकारी और सब रजिस्ट्रार पिछले पांच वर्ष का डाटा खंगाल रहे हैं। इसमें यह पता लगाया जा रहा है कि किन क्षेत्रों में बढ़ी हुई दरों पर रजिस्ट्रियां हुई हैं। उन क्षेत्रों की सैटेलाइट इमेज निकाली जा रही है, जिससे यह पता लग सके कि वहां सिर्फ जमीन की खरीद-फरोख्त हुई है या फिर वहां पर निर्माण कार्य भी हुआ है।

बता दें कि अभी तक दरें तय करने के लिए रजिस्ट्रियों को ही आधार बनाया जाता था, लेकिन अब इसके साथ सेटेलाइट इमेज, एआइ और फील्ड रिपोर्ट का विश्लेषण किया जा रहा है।

अत्यधिक दरों पर हुईं चार लाख रजिस्ट्रियां

मध्य प्रदेश में पिछले वित्तीय वर्ष में लगभग चार लाख रजिस्ट्रियां कलेक्टर गाइडलाइन की तय दरों से अधिक पर हुईं। खरीदारों ने एक से 30 प्रतिशत दाम बढ़ाकर अत्यधिक दरों पर रजिस्ट्रियां कराईं थीं। रजिस्ट्रेशन और स्टाम्प विभाग के रिकॉर्ड के अनुसार मध्य प्रदेश में डेढ़ लाख जगह ऐसी हैं, जहां सरकार द्वारा निर्धारित दाम से अधिक पर रजिस्ट्री की संख्या बढ़ी है।

सर्वे करने में इन तकनीकों की ली जा रही है मदद

  • कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) - इसकी मदद से यह पता लगाने में आसानी होगी कि एक प्रमुख स्थान या क्षेत्र में पिछले एक वर्ष में कितना विकास कार्य हुआ है। उसी को दरें बढ़ाने के लिए आधार बनाया जाएगा।
  • सैटेलाइट इमेज - इसकी मदद से क्षेत्र का वास्तविक चित्र सामने आ जाएगा कि वहां पर खाली जमीन है या फिर बड़ी मात्रा में भवन निर्माण हुआ है। कितनी सड़कें बनाई गई हैं और किन क्षेत्रों से जुड़ रहीं हैं।
  • फील्ड रिपोर्ट - सभी जिलों के पंजीयकों द्वारा तैयार की गई फील्ड रिपोर्ट गाइडलाइन तय करने के लिए प्रमुख आधार रहती है। इससे स्पष्ट होगा कि उक्त क्षेत्रों में तय दरों से कितनी अधिक दरों पर रजिस्ट्रियां हुई हैं।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 28 June 2026
भोपाल। कोलार थाना क्षेत्र स्थित ओमनगर में शनिवार को बच्चों से भरी स्कूल वैन पर बाइक सवार तीन बदमाशों ने पत्थर से हमला कर दिया और रास्ता रोककर वैन चालक…
 28 June 2026
 भोपाल । मानसून की पहली बारिश ने ही नगर निगम के दावों की पोल खोल दी है। शनिवार रात करीब नौ बजे हुई मानसून की पहली बारिश में शिवनगर, विश्वकर्मा…
 28 June 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश स्कूल शिक्षा विभाग ने उपस्थिति व्यवस्था को लेकर बड़ा निर्णय लिया है। अब तक ई-अटेंडेंस (E-Attendance Mandatory) केवल शिक्षकों के लिए लागू थी, लेकिन अब विभाग के…
 28 June 2026
 भोपाल। राष्ट्रीय पल्स पोलियो अभियान के तहत रविवार 28 जून को जिले में पांच वर्ष तक के बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाई जाएगी। इस अभियान के अंतर्गत भोपाल में…
 28 June 2026
भोपाल। वर्ष 2027 में प्रस्तावित नगरीय निकायों के चुनावों के संबंध में कांग्रेस ने संगठनात्मक और रणनीतिक तैयारी प्रारंभ कर दी है। इसे लेकर शनिवार को प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में…
 28 June 2026
भोपाल। ट्रेन में सफर के दौरान एसी खराब होने या पर्याप्त ठंडक नहीं मिलने की समस्या से यात्रियों को जल्द राहत मिल सकती है। यात्रियों को बेहतर और निर्बाध एसी…
 27 June 2026
भोपाल, कर्मचारी चयन मंडल (ईएसबी) की गलती के कारण विशेष शिक्षक भर्ती परीक्षा में बिना योग्यता के चयनित हुए अभ्यर्थियों की अब जांच होगी। हाईकोर्ट के आदेश के बाद ईएसबी ने…
 27 June 2026
भोपाल, भोपाल के अरेरा हिल्स स्थित एमएलए रेस्ट हाउस के बाहर कांग्रेस विधायक दिनेश गुर्जर के बेटे देवराज सिंह गुर्जर से मारपीट के मामले में अब नया मोड़ आ गया है।…
 27 June 2026
 भोपाल। जिले के हुजूर तहसील क्षेत्र में केरवा डैम और उसके आसपास विकसित की जा रही अवैध कॉलोनियों के खिलाफ जिला प्रशासन का अभियान लगातार जारी है। एसडीएम विनोद सोनकिया…
Advt.