कैसे सुधरेगी इंदौर की हवा, 64 हजार वाहनों पर एक पीयूसी सेंटर

Updated on 20-11-2024 01:56 PM

इंदौर । इंदौर शहर की हवा में बढ़ रहे प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए वाहनों को पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल (पीयूसी) सर्टिफिकेट लेना अनिवार्य है ताकि वाहनों के धुएं से होने वाले प्रदूषण को रोका जा सके।

इंदौर में परिवहन विभाग के आंकड़ों के अनुसार 32 लाख से अधिक वाहन पंजीकृत हैं। इन वाहनों के पीयूसी सर्टिफिकेट के लिए शहर में महज 53 सेंटर संचालित हो रहे हैं। एक सेंटर पर 64 हजार वाहनों का दबाव है, लेकिन सेंटरों की संख्या नहीं बढ़ रही है।

कहीं दिल्ली जैसे हाल इंदौर में न हो जाएं

यही हाल प्रदेश के अन्य महानगरों के हैं। प्रदूषण फैलाने वाले वाहनों की जांच इसलिए भी जरूरी है क्योंकि दिल्ली में प्रदूषण के कारण एक्यूआई 450 से पार जा चुका है, कहीं दिल्ली जैसी हालत इंदौर में न हो जाए इसलिए सजगता जरूरी है। स्वच्छ शहर की हवा में लगातार प्रदूषण बढ़ता जा रहा है।

प्रदूषण बढ़ने का सबसे ज्यादा असर हमारे स्वास्थ्य पर पड़ता है। इससे फेफड़ों और दिल से संबंधित रोग होते हैं। इसके साथ ही इससे ब्लड प्रेशर भी बढ़ता है। यह हमारे शरीर के लिए बहुत हानिकारक है।

इंदौर में 53 पीयूसी सेंटर

इंदौर में प्रदेश के सर्वाधिक 32 लाख 12 हजार 171 वाहन पंजीकृत हैं, इसके बावजूद वाहनों का प्रदूषण जांचने वाले सेंटरों की संख्या कम है। कुछ माह पहले इंदौर में 110 पीयूसी सेंटर संचालित हो रहे थे, लेकिन परिवहन पोर्टल पर पंजीयन अनिवार्य करने के बाद अब 53 सेंटर ही संचालित हो रहे हैं। ऑनलाइन की अनिवार्यता के कारण कई सेंटर बंद हो गए।

अधिकांश पेट्रोल पंप पर बंद हुए सेंटर

इंदौर में 200 के करीब पेट्रोल पंप संचालित होते हैं, लेकिन अधिकांश पेट्रोल पंपों पर पीयूसी सेंटर बंद हो चुके हैं। नियम के अनुसार सभी पंपों पर पीयूसी सेंटर खोलना अनिवार्य है। आमतौर पर पीयूसी कराने में वाहन चालक भी लापरवाही बरत रहे हैं।

इसकी बड़ी वजह प्रदेश में वाहनों की जांच में पीयूसी सर्टिफिकेट की जांच नहीं होना प्रमुख है। परिवहन विभाग और यातायात पुलिस जांच के दौरान अन्य दस्तावेजों की जांच करती है, लेकिन पीयूसी नहीं मांगती।

ग्वालियर में सिर्फ एक पीयूसी सेंटर

मध्य प्रदेश के चारों महानगरों के हाल बेहाल हैं। ग्वालियर में तो महज एक पीयूसी सेंटर संचालित हो रहा है, जबकि वाहनों की संख्या 12 लाख से अधिक है। जबलपुर में वाहनों की संख्या 8.30 लाख है। बावजूद 57 पीयूसी सेंटर हैं। प्रदेश की राजधानी भोपाल में 17 लाख वाहनों की जांच के लिए 52 पीयूसी सेंटर हैं। इंदौर में 32 लाख से अधिक वाहन हैं और 53 सेंटर संचालित हो रहे हैं।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 11 July 2026
भोपाल, भोपाल के गांधी नगर थाना क्षेत्र में एक 22 वर्षीय युवक ने अपनी कथित प्रेमिका के घर में घुसकर फांसी लगाकर जान दे दी। घटना का पता शुक्रवार सुबह तब…
 11 July 2026
भोपाल, मध्य प्रदेश पुलिस विभाग में पिछले करीब पांच वर्षों से कार्यवाहक पदोन्नति के आधार पर उच्च पदों पर कार्यरत लगभग 15 हजार पुलिस अधिकारी और कर्मचारियों के सामने अब पद…
 11 July 2026
भोपाल, दिल्ली से भोपाल आ रही 12002 नई दिल्ली–रानी कमलापति शताब्दी एक्सप्रेस में शनिवार सुबह यात्रियों को नाश्ते में एक्सपायरी ब्रेड परोसने का मामला सामने आया।C-4 कोच के करीब 74 यात्रियों,…
 11 July 2026
 भोपाल। राजधानी के राजा भोज एयरपोर्ट पर इस मानसून में बार-बार उड़ानें डायवर्ट होने की समस्या लगभग समाप्त हो जाएगी। एयरपोर्ट अथारिटी ने अत्याधुनिक कैटेगरी-2 इंस्टूमेंट लैंडिंग सिस्टम (आईएलएस) की…
 11 July 2026
भोपाल । इंदौर में मप्र युवा संकल्प-2026 दस्तावेज तैयार होगा। इसके लिए मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव शनिवार को इंदौर के ब्रिलियंट कन्वेंशन सेंटर में आयोजित यूथ-माय प्राइड कॉन्क्लेव-2026 का शुभारंभ…
 11 July 2026
भोपाल। कांग्रेस के प्रदेश प्रवक्ता अभिनव बरोलिया ने कहा कि प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी को घेरने के लिए उनके परिवार को निशाना बनाया जा रहा है। हाल ही में…
 11 July 2026
भोपाल। मध्य प्रदेश मध्य क्षेत्र विद्युत वितरण कंपनी ने बिजली उपभोक्ताओं की सुविधा के लिए कॉल सेंटर सेवाओं का विस्तार करते हुए नया हेल्पलाइन नंबर 0755-4314165 शुरू किया है। अब…
 11 July 2026
भोपाल। आमतौर पर यह धारणा रहती है कि पढ़े-लिखे और शहरी लोग छोटा परिवार पसंद करते हैं। जनगणना निदेशालय की सैंपल रजिस्ट्रेशन सिस्टम (एसआरएस) रिपोर्ट 2024 से यह सिद्ध भी…
 11 July 2026
भोपाल। रेलवे स्टेशन पर अक्सर ऐसे लोग दिखाई देते हैं, जो कई दिनों या महीनों से वहीं रह रहे होते हैं। इनमें कोई परिवार से बिछड़ जाता है, कोई घर…
Advt.