
भोपाल। राजधानी की हाई सिक्योरिटी जेल में बंद प्रतिबंधित संगठन स्टूडेंट्स इस्लामिक मूवमेंट ऑफ इंडिया (सिमी) के चार आतंकियों ने एक बार फिर भूख हड़ताल शुरू कर दी है। इन आतंकियों की मांग है कि जेल परिसर में उनको दिन भर खुले में रहने दिया जाए। साथ ही नमाजी टोपी लगाने, सामूहिक नमाज पढ़ने, न्यूज पेपर और लाइब्रेरी सुविधा देने की मांग भी कर रहे हैं। इन्हीं मांगों को लेकर वे पहले भी भूख हड़ताल कर चुके हैं। सिमी आतंकी जेल प्रशासन पर अपनी मांग मनवाने के लिए अलग-अलग तरीक से दबाव बना रहे हैं, कभी खाना छोड़ देते हैं तो कभी पानी भी त्याग देते है।
इधर , जेल प्रबंधन ने जेल की इस पूरे हड़ताल के संबंध में जेल मुख्यालय को घटनाक्रम की जानकारी दे दी है। साथ ही उन्होंने सिमी आतंकियों से भूख हड़ताल खत्म करने का आह्वान करते हुए उनकी मांगें अपने अधिकारियों तक पहुंचाने की बात भी कही है। लेकिन आतंकी भूख हड़ताल खत्म करने को तैयार नहीं है।
हम बत दें कि सिमी आतंकी पिछले कुछ माह से जेल प्रशासन ने ऐसी मांगें कर रहे हैं, जिस पर जेल प्रशासन तैयार नहीं है। जेल ब्रेक की घटना के बाद उनको बेहद चौकसी में रखा जाता है, इसलिए उनकी मांग को लेकर जेल मुख्यालय को शासन के सामने उनकी बात रखना पड़ती है। जेल में बंद सभी आतंकी काफी शातिर हैं। जो भूख हड़ताल पर हैं, उसमें दो को कोर्ट द्वारा आजीवान कारावास और मौत की सजा सुनाई जा चुकी है। इस कारण से उनको सुरक्षा घेरे में रखा गया है। जेल अधीक्षक द्वारा उनकी इस मांग पर उनको चेतावनी पत्र भी लिखा जा चुका है, लेकिन वह अपनी मांग पर अड़े हुए हैं। जेल अधीक्षक भूख हड़ताल पर बैठे आतंकियों को समझाइश भी दे चुके हैं। अब उनकी मांग पर जेल मुख्यालय को निर्णय लेना है।