भोपाल। मध्य प्रदेश के नए मुख्य सचिव को लेकर सोमवार या मंगलवार को निर्णय हो सकता है। मुख्य सचिव इकबाल सिंह बैंस की दूसरी सेवावृद्धि की समय सीमा भी 30 नवंबर को समाप्त हो रही है। इसके पहले चुनाव आयोग की अनुमति से केंद्र सरकार को यह निर्णय करना है कि बैंस को एक और सेवावृद्धि दी जाए या फिर वरिष्ठता के आधार पर नया मुख्य सचिव नियुक्त किया जाए।
दो सेवावृद्धि मिल चुकी है इकबाल सिंह को
बता दें, इकबाल सिंह बैंस को प्रदेश सरकार की अनुशंसा पर केंद्र सरकार छह-छह माह की दो सेवावृद्धि दे चुकी है। तीसरी सेवावृद्धि को लेकर संशय की स्थिति है क्योंकि आचार संहिता लागू है। मुख्य सचिव बनाने के लिए अन्य अधिकारी भी उपलब्ध हैं।
अब निर्णय आयोग के जिम्मे
ऐसे में पैनल भेजकर निर्णय आयोग के ऊपर ही छोड़ा जा सकता है। यदि वरिष्ठता के आधार पर मुख्य सचिव की नियुक्ति होती है तो फिर प्रदेश में उपलब्ध सबसे वरिष्ठ आइएएस 1988 बैच की वीरा राणा को मौका मिल सकता है। वीरा राणा मुख्य सचिव बनती हैं तो वे प्रदेश की दूसरी महिला मुख्य सचिव होंगी।
ये नाम हैं
इसके पहले निर्मला बुच सितंबर, 1991 से जनवरी, 1993 तक प्रदेश की मुख्य सचिव रह चुकी हैं। वीरा राणा के बाद वरिष्ठता क्रम में मोहम्मद सुलेमान और विनोद कुमार का नाम आता है, दोनों 1989 बैच के अधिकारी हैं।