पाकिस्तान ने यासीन मलिक की 'जहरीली' पत्नी को क्यों बनाया मंत्री भारत विरोधी चाल का खुलासा

Updated on 19-08-2023 01:33 PM
इस्लामाबाद: भारत की जेल में बंद कश्मीरी अलगाववादी नेता यासीन मलिक की पत्नी मुशाल हुसैन मलिक को पाकिस्तान में कार्यवाहक सरकार में शामिल किया गया है। मुशाल को अनवारुल हक काकर की कार्यवाहक सरकार में प्रधानमंत्री की मानवाधिकार और महिला सशक्तिकरण के मामलों के विशेष सलाहकार के पद पर नियुक्त किया गया है। विडंबना यह है कि आतंकवादी की पत्नी होने के बावजूद, जिसके हाथ सैकड़ों लोगों के खून से रहें है, मुशाल पाकिस्तान में मानवाधिकार पर ज्ञान देंगी। ऐसे में सवाल उठता है कि क्या पाकिस्तान को मुशाल हुसैन मलिक से योग्य कोई और नहीं मिला, जिसे वह मानवाधिकार मामलों के विशेष सलाहकार के तौर पर नियुक्त कर सके। जाहिर है कि इस नियुक्ति के पीछे पाकिस्तान का छिपा हुआ एजेंडा है।


पाकिस्तान ने मुशाल को क्यों बनाया मंत्री?

अंतरराष्ट्रीय मामलों के विशेषज्ञों का मानना है कि मुशाल हुसैन मलिक की नियुक्त दरअसल एक प्रतीकात्मक कदम है। मुशाल न तो पाकिस्तानी राजनीतिक में बड़ा चेहरा हैं और ना ही आगामी चुनाव में सत्ताधारी पार्टी के लिए वोट बटोर सकती हैं। ऐसे में मुशाल की नियुक्ति पाकिस्तान ने कश्मीर एजेंडे को जीवित रखने के लिए पाकिस्तानी सेना के इशारे पर किया है। मुशाल हुसैन मलिक पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर से ताल्लुकात रखती हैं और कश्मीर को लेकर पाकिस्तानी एजेंडें में फिट बैठती हैं। वह कश्मीर को लेकर शुरू से ही भारत के खिलाफ जहर उगलती रही है।

कश्मीर मुद्दे को जिंदा रखना चाहता है पाकिस्तान


इस मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने कहा कि यह कदम भारत में नरेंद्र मोदी सरकार के अनुच्छेद 370 को निरस्त करने के मुद्दे को उठाने के लिए पाकिस्तान के असफल प्रयासों का हिस्सा है। पाकिस्तान ने कश्मीर के श्रीनगर में आयोजित जी20 की बैठकों के खिलाफ मुशाल को ही अपना चेहरा बनाया था। तब मुशाल ने यासीन मलिक को लेकर भारत के खिलाफ न्यायिक हत्या तक के आरोप लगाए थे। इसके बावजूद जी20 के सभी सदस्य श्रीनगर पहुंचे और बैठक में हिस्सा लिया। ऐसे में पाकिस्तान की कोशिश एक बार फिर अंतरराष्ट्रीय मंच पर कश्मीर मुद्दे को हवा देने की है।

मुशाल के जरिए पीओके में भी सेंध लगाएगा पाकिस्तान


कुछ जानकारों का यह भी मानना है कि मुशाल को पाकिस्तान की कार्यवाहक सरकार में उनका शामिल होना पीओके की बिगड़ती अर्थव्यवस्था को शांत करने का एक प्रयास है। पीओके के हालात इस समय बेहद खराब हैं। लोग रोजाना पाकिस्तान सरकार के खिलाफ सड़कों पर उतर रहे हैं। ऐसे में मुशाल की नियुक्ति के पाकिस्तान सरकार को पीओके के लोगों को बरगलाने का मौका मिल जाएगा। मुशाल लंदन स्कूल ऑफ इकोनॉमिक्स से स्नातक हैं। 2005 में पाकिस्तान दौरे के दौरान उनकी मुलाकात यासीन मलिक से हुई और 2009 में उन्होंने शादी कर ली।


अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने H-1B नॉन-इमिग्रेंट वीजा प्रोग्राम की निगरानी को सख्त करने वाले एग्जीक्यूटिव ऑर्डर पर साइन किए हैं। ट्रंप प्रशासन का कहना है कि कुछ एम्प्लॉयर्स,…
 19 September 2026
काबुल: अफगान तालिबान ने पाकिस्तान को चेतावनी दी है कि अगर उसने अफगानिस्तान के अंदर सैन्य कार्रवाई की तो उसे करारा जवाब मिलेगा। तालिबान के प्रवक्ता जबीहुल्लाह मुजाहिद ने कहा…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका और डेनमार्क ने ग्रीनलैंड की सुरक्षा को लेकर समझौते का ऐलान किया है। इसके जरिए उस राजनयिक विवाद को सुलझा लेने का दावा किया गया है, जो राष्ट्रपति…
 19 September 2026
वॉशिंगटन: टेक अरबपति ब्रायन जॉनसन लंबे समय से चर्चा में रहे हैं। इसकी वजह उनका एक मुश्किल दिनचर्या का पालन करते हुए बढ़ती उम्र को रोकना और मौत को टालने…
 19 September 2026
बीजिंग: इस साल फरवरी के आखिर में इजरायल-अमेरिका ने ईरान पर हमले शुरू किए थे। इससे पश्चिम एशिया में एक भीषण जंग छिड़ी। इस लड़ाई के कुछ ही हफ्ते बाद…
 19 September 2026
इस्लामाबाद: आज यानी शनिवार 19 सितम्बर को सिंधु जल संधि 66 साल की हो गई है। 19 सितम्बर 1960 को इस संधि पर कराची में हस्ताक्षर हुए थे। भारत और…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिका का F-16 फाइटर जेट क्रैश हुआ है। गुरुवार को मिशिगन के ग्रामीण इलाके में F-16 हादसे का शिकार हुआ है। हालांकि पायलट समय रहते सुरक्षित बाहर निकलने में…
 18 September 2026
ढाका: लंदन से बांग्लादेश जा रही बिमान बांग्लादेश एयरलाइंस की फ्लाइट में 2 यात्रियों के बीच जमकर मारपीट हो गई। दोनों यात्रियों के बीच सीट को लेकर विवाद हुआ था,…
 18 September 2026
वॉशिंगटन: अमेरिकी एयरफोर्स के 14 अफसर बांग्लादेश पहुंचे हैं। ये अफसर एक विशेष फ्लाइट से ढाका पहुंचे, जिसके बाद इनको वीजा उपलब्ध कराया गया। बांग्लादेशी गृह मंत्रालय की ओर से…
Advt.