हम तो भारत के साथ नाटो पार्टनर जैसा व्यवहार करते हैं... अमेरिकी मंत्री के बयान में बहुत बड़ा इशारा

Updated on 29-04-2023 07:03 PM
नई दिल्ली: हम तो भारत के साथ अपने नाटो पार्टनर जैसा व्यवहार करते हैं। यह कहना है अमेरिकी सरकार के एक बड़े अधिकारी डी रोजमैन केंडलर (D Rozman Kendler) का। बाइडेन प्रशासन के निर्यात विभाग की उप-वाणिज्य मंत्री डी रोजमैन केंडर इन दिनों दिल्ली में हैं। उन्होंने कहा कि जहां तक बात भारत के साथ रक्षा सौदों की है तो हम इस देश को निर्यात कुछ इस तर्ज पर करते हैं जैसे कि यह नाटो का सदस्य हो। नॉर्थ अटलांटिक ट्रीटी ऑर्गनाइजेशन (NATO) अमेरिका और यूरोपीय देशों का सबसे बड़ा और सबसे ताकतवर सैन्य संगठन है। भारत इसका सदस्य नहीं है। ऐसे में अमेरिकी प्रशासन की मंत्री का कहना कि उनका देश भारत को नाटो पार्टनर के नजरिए से देखता है, अंतरराष्ट्रीय जगत में भारत के बढ़ते कद का एक बड़ा सबूत है।

भारत के लिए बेहद मामूली ट्रेड लाइसेंस की जरूरत


अमेरिकी उप-वाणिज्य मंत्री (US Assistant Secretary For Commerce) ने कहा कि एक बड़े रक्षा साझेदार के रूप में भारत को अमेरिका से जो फायदे मिलते हैं, वो औरों को नहीं मिलते। उन्होंने कहा कि भारत को अमेरिका से रक्षा उपकरणों के आयात के लिए बेहद मामूली लाइसेंस की जरूरत होती है। अमेरिका से कई व्यापारिक वस्तुओं की खरीद पर भारत को लाइसेंस से छूट दी गई है। उन्होंने कहा कि व्यापार नियंत्रण के लिए सामरिक व्यापार बातचीत और साझी प्रतिबद्धताओं से दोनों देशों के बीच उच्च तकनीकी सहयोग का मार्ग प्रशस्त होता है। केंडलर ने कहा, 'भारत के लिए बिल्कुल मामूली लाइसेंस की जरूरत रह गई है। जहां तक बात चुनिंदा वस्तुओं के निर्यात की है तो भारत के साथ हमारा रवैया अपने नाटो पार्टनर की तरह होता है। हमें पता है कि बहुत सी वस्तुएं अमेरिका से भारत भी आसानी से पहुंच सकती हैं।'

25 साल में भारत-अमेरिका के रिश्ते बहुत आगे बढ़ गए


उन्होंने आगे कहा, 'हमने जिन बातों पर चर्चा की, उनमें एक यह है कि भारत को होने वाले कुछ निर्यातों में भारत को अपवाद के श्रेणी में रखा गया है। इस कारण निर्यात करने वाली अमेरिकी कंपनियों और आयात करने वाली भारतीयो कंपनियों को लाइसेंसिंग की पेचीदा प्रक्रियाओं से नहीं गुजरना होता है। इसलिए हम चाहते हैं कि दोनों देशों की कंपनियों के इसके बारे में अच्छे से पता हो ताकि दोनों देशों के बीच व्यापार और आसान हो जाए।' अमेरिकी अधिकारी ने कहा, 'हमारी साझेदारी लंबे समय से है और इस दिशा में हम तेजी से प्रगति भी कर रहे हैं। अगर आप 25 साल पीछे मुड़कर देखेंगे तो उस वक्त 25 प्रतिशत अमेरिकी वस्तुओं की भारत में निर्यात के लिए लाइसेंस की जरूरत पड़ती थी। अब 0.5 प्रतिशत वस्तुओं के लिए ही अमेरिकी सरकार से लाइसेंस लेने की जरूरत होती है। हमने इतनी लंबी दूरी इसलिए तय कि क्योंकि भारत ने सामरिक व्यापार कानून बनाए और नियमों को प्रभावी तरीके से लागू किया। मजबूत सामरिक व्यापार साझेदारी से हम भारत को वो उपकरण देते हैं जो दूसरों को नहीं दे सकते।' उन्होंने मौजूदा दौर को भारत-अमेरिका के आपसी रिश्तों के लिहाज से काफी महत्वपूर्ण बताया।

सामरिक महत्व के उपकरणों के व्यापार पर बातचीत


अमेरिकी वाणिज्य मंत्री गीना रैमोंडो (Gina Raimondo) पिछले महीने भारत आई थीं। उस दौरे में हुई बातचीत को आगे बढ़ाने के लिए उनकी सहायक मंत्री केंडलर अभी दिल्ली में हैं। उन्होंने कहा कि अमेरिका और भारत की सुरक्षा चिंताएं समान हैं, इस कारण दोनों के बीच साझेदारी भी आसान है। पांच दिनों के दौरे पर केंडलर ने दिल्ली में कई सरकारी अधिकारियों और उद्योग जगत के लोगों से मिलीं। उन्होंने अमेरिका-भारत सारिक व्यापार बातचीत (USISTD) के लिए फाइनल प्लानिंग पर भी काम कर रही हैं। यूएसआईएसटीडी की मीटिंग अगले महीने अमेरिका की राजधानी वॉशिंगटन में होने वाली है। उन्होंने कहा कि यूएसआईएसटीडी से अमेरिका के अति महत्वपूर्ण और स्पेशल रक्षा उपकरणों को भारत को देने का रास्ता खुल जाएगा।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 20 September 2026
नई दिल्ली: दिल्ली विश्वविद्यालय छात्रसंघ (DUSU) चुनाव में ABVP की शानदार जीत के बाद देश का सियासी पारा भी चढ़ गया है। बीजेपी और एबीवीपी के नेताओं ने कांग्रेस और…
 20 September 2026
सुभद्रा श्रीवास्तव, नई दिल्ली: देश के 180 से अधिक वैज्ञानिकों और इको लॉजिकल एक्सपर्ट ने सुपर अल नीनो को लेकर अलर्ट जारी किया है। उन्होंने रिसर्चर्स और इस क्षेत्र में…
 20 September 2026
गणेश उत्सव आते ही घर-घर में वे कथाएं फिर दोहराई जाने लगती हैं जो बचपन से सुनी हैं। एक बालक है, जिसे माता पार्वती ने द्वार पर बिठाया है। शिवजी…
 20 September 2026
नई दिल्ली: इंदौर में राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम के दौरान पीएम मोदी की नकल करने और उनके अंग्रेजी बोलने के अंदाज का मजाक उड़ाने पर सियासी बयानबाजी…
 20 September 2026
नई दिल्ली: 11 सितंबर 2001 को अमेरिका में अल-कायदा के हमले ने करीब 3,000 लोगों की जान ले ली थी। उस भयावह हमले के बाद शायद ही किसी ने सोचा…
 20 September 2026
दीपांजन रॉय चौधरी, नई दिल्ली: नेपाल के प्रधानमंत्री बालेन शाह के भारत दौरे को लेकर बड़ा अपडेट सामने आया है। माना जा रहा कि इस साल के आखिर तक बालेन…
 20 September 2026
नई दिल्ली: देश की जानी-मानी वरिष्ठ पत्रकार पायल मेहता का मुंबई में निधन हो गया। उनके निधन पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने दुख जताया है।…
 20 September 2026
नई दिल्ली: पर्यावरण और पारिस्थितिकी की सुरक्षा में सुप्रीम कोर्ट की भूमिका का जिक्र करते हुए CJI सूर्यकांत ने शनिवार को शीर्ष अदालत को पर्यावरण न्याय का ‘बरगद का पेड़’…
 19 September 2026
भास्कर रिपोर्टर प्रमोद साहू ने साइबर क्राइम एक्सपर्ट मुकेश चौधरी के साथ बातचीत की। इस दौरान एक्सपर्ट ने कहा कि बच्चों के हाथ में फोन और उसमें ऑनलाइन गेम अब…
Advt.