अभी प्रदेश के 52 जिलों में कुल 22 हजार विस्फोटक लाइसेंस हैं। वहीं संगठन में कुल छह अधिकारी पदस्थ हैं, जिन्हें पूरा काम संभालना होता है। बुधवार को जब नईदुनिया टीम पेसो कार्यालय पहुंची तो एक ही अधिकारी मौजूद थे। अन्य अधिकारियों के बारे में बताया गया कि वे हरदा गए हुए हैं।
भोपाल में है कार्यालय
भोपाल के अरेरा कालोनी स्थित लाला लाजपत राय सोसायटी ई 7/77 के एक निजी बिल्डिंग में भारत सरकार का पेट्रोलियम तथा विस्फोटक सुरक्षा संगठन के मुख्य विस्फोटक नियंत्रक का कार्यालय स्थित है। यहीं से प्रदेश के 52 जिलों में पेट्रोलियम और विस्फोटक का कारोबार करने वाले कारोबारियों को लाइसेंस दिए जाते हैं।
कर्मियों ने दी यह जानकारी
यहां के कर्मियों ने बताया कि जिला कलेक्टरों द्वारा कारोबारियों की एनओसी जारी की जाती है। यह एनओसी हमको आनलाइन ही प्राप्त हो जाती है, जिस पर कलेक्टर की मंजूरी होने से पूरे विश्वास के साथ विस्फोटक का कारोबार करने का लाइसेंस जारी कर दिया जाता है।
तो लाइसेंस हो जाते हैं निरस्त
इसके अलावा यदि कलेक्टरों द्वारा लापरवाह कारोबारियों की शिकायत मिलती है तो लाइसेंस निरस्त भी किए जाते हैं। संगठन द्वारा 15 किलोग्राम से अधिक विस्फोटक रखने वाले कारोबारियों को ही लाइसेंस जारी किए जाते हैं। भोपाल सर्कल में कुल छह अधिकारी पदस्थ हैं। इनमें ज्वाइंट चीफ कंट्रोलर डा. एमआइजेड अंसारी, डिप्टी चीफ कंट्रोलर संजय कुमार, कंट्रोलर डा. अभय प्रताप सिंह, डिप्टी कंट्रोलर सुमित्रा राय चौधरी, डिप्टी कंट्रोलर प्रवेश कुमार और कनक सिंह मीना शामिल हैं।