
हैंड-फुट-माउथ डिजीज यानी टोमैटो फ्लू एक बार फिर बच्चों को अपनी चपेट में ले रहा है। हमीदिया अस्पताल के बाल रोग विभाग की ओपीडी में आने वाले 10% बच्चों में यह रोग देखने को मिल रहा है। बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. राजेश टिक्कस ने बताया कि अकेले उनकी ओपीडी में रोजाना 45 से 50 बच्चों में से 4-5 बच्चों में फीवर विथ रैशेज की समस्या देखने को मिल रही है।
डॉ. टिक्कस ने बताया कि यदि पहले बच्चे को बुखार आए और फिर 3 से 4 दिन बाद हथेलियों, तलवों और मुंह के अंदर और बाहर लाल चकत्ते दिखाई दें, तो यह हैंड-फुट-माउथ डिजीज हो सकती है।
कॉक्ससेकी वायरस है बीमारी का कारण कोरोना से पहले तक यह बीमारी सिर्फ 10 साल तक के बच्चों में ही देखी जाती थी। मगर बीते सालों से 13-14 साल के बच्चों में भी इस बीमारी के लक्षण देखने को मिल रहे हैं। साथ ही लाल चकत्ते हाथ, पैर और मुंह के साथ कमर के नीचे और आसपास के हिस्सों में भी देखे जा रहे हैं। यह एंटीरोवायरस और कॉक्ससेकी वायरस के कारण होने वाला एक वायरल रोग है। टमाटर फ्लू केवल इसलिए कहा जाता है क्योंकि इसमें फफोले बड़े और ज्यादा लाल होते हैं।
इसके लक्षण
कोरोना की तरह ही फैलती है बीमारी