रेकॉर्ड हाई पर पहुंच गया टाटा ग्रुप का ये शेयर, बाजार खुलते ही 18% उछला, झुनझुनवाला की भी है हिस्सेदारी
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26-07-2023 04:01 PM
नई दिल्ली: टाटा ग्रुप की दिग्गज कंपनी टाटा मोटर्स (Tata Motors) ने डिफरेंशियल वोटिंग राइट्स यानी डीवीआर (DVR) को कैंसल करने का फैसला किया है। कंपनी ने मंगलवार को अपने तिमाही नतीजों की घोषणा करते हुए यह बात कही। इससे आज बाजार खुलते ही टाटा मोटर्स डीवीएआर का शेयर बीएसई पर 18 परसेंट की छलांग लगाते हुए 440 रुपये पर पहुंच गया। यह इस ऑल टाइम हाई लेवल है। इससे पहले इसका ऑल टाइम हाई 387 रुपये था। यह शेयर 12 सितंबर, 2014 को इस स्तर पर पहुंचा था। टाटा मोटर्स डीवीआर के ज्यादातर शेयर पब्लिक के पास ही हैं लेकिन कुछ मार्की इन्वेस्टर्स ने भी इनमें निवेश किया है।
सुबह 11.30 बजे यह 13.82 फीसदी की तेजी के साथ 424.65 रुपये पर ट्रेड कर रहा था। कीमत में तेजी के साथ-साथ इसके एवरेज ट्रेडिंग वॉल्यूम में भी चार गुना से अधिक तेजी आई है। टाटा मोटर्स के बोर्ड ने 10 डीवीआर शेयरों के बदले सात ऑर्डिनरी शेयर जारी करने की योजना को मंजूरी दी है। इससे छह महीने पहले कंपनी ने अपने अमेरिकन डिपॉजिटरी रिसीट्स को डीलिस्ट कर दिया था। कंपनी का कहना है कि कैपिटल स्ट्रक्चर को सरल बनाने के लिए यह फैसला किया गया है। टाटा मोटर्स ने 15 साल पहले डीवीआर जारी किए थे। दिलचस्प बात है कि टाटा मोटर्स एकमात्र बड़ी लिस्टेड कंपनी है जिसके पास इस तरह का इंस्ट्रूमेंट है। झुनझुनवाला की हिस्सेदारी
जिन निवेशकों के पास डीवीआर शेयर होते हैं उनके वोटिंग और डिविडेंड राइट्स ऑर्डिनरी शेयरहोल्डर्स की तुलना में अलग होते हैं। उनके पास ऑर्डिनरी शेयरों के मुकाबले 10 परसेंट वोटिंग राइट्स होते हैं लेकिन उन्हें पांच परसेंट ज्यादा डिविंडेड मिलता है। टाटा मोटर्स डीवीआर की कीमत ऑर्डिनरी शेयरों के मुकाबले आधी है और इससे निवेशकों के पास इसे खरीदने का अच्छा मौका होता है। टाटा मोटर्स का ऑर्डिनरी शेयर 0.90 फीसदी की तेजी के साथ 645.20 रुपये पर ट्रेड कर रहा है। दिग्गज निवेशक रेखा राकेश झुनझुनवाला (Rekha Rakesh Jhunjhunwala) के पास भी टाटा मोटर्स डीवीआर में 1.92% हिस्सेदारी है।