10 साल में पहली बार हुआ ऐसा... TCS नहीं रही टाटा ग्रुप की दुधारू गाय, जानिए कौन निकल गया है उससे आगे

Updated on 15-05-2024 02:04 PM
नई दिल्ली: देश की सबसे बड़ी आईटी कंपनी टीसीएस (TCS) अब टाटा ग्रुप (Tata Group) की सबसे प्रॉफिटेबल कंपनी नहीं रह गई है। एक दशक में पहली बार टाटा मोटर्स (Tata Motors) उससे आगे निकल गई है। टाटा मोटर्स का फाइनेंशियल ईयर 2024 की चौथी तिमाही में कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 17,483 करोड़ रुपये रहा। इस दौरान टीसीएस का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट 12,434 करोड़ रुपये रहा। टाटा मोटर्स का नेट प्रॉफिट पिछले साल की समान तिमाही के मुकाबले 213.7% बढ़ गया। पिछले साल चौथी तिमाही में यह 5,573.8 करोड़ रुपये रहा था। दूसरी ओर टीसीएस के प्रॉफिट में पिछले साल के मुकाबले केवल 9.1 फीसदी बढ़ोतरी हुई है। पिछले साल समान तिमाही में इस आईटी कंपनी का प्रॉफिट 11,392 करोड़ रुपये रहा था।

बिजनस स्टैंडर्ड की एक रिपोर्ट के मुताबिक टाटा ग्रुप की 16 कंपनियों ने अब तक अपनी चौथी तिमाही का रिजल्ट जारी किया है। इन कंपनियों के कंबाइंड नेट प्रॉफिट में पिछले साल के मुकाबले 64 फीसदी तेजी रही है। ग्रुप की कंपनी टाटा स्टील ने अब तक अपना रिजल्ट जारी नहीं किया है। टाटा ग्रुप की कंपनियों में सबसे ज्यादा प्रॉफिट कमाने के मामले में टाटा मोटर्स पहले नंबर पर है। कंपनी एक दशक बाद इस मुकाम पर पहुंची है। इससे पहले 2014 की जून तिमाही में यह मुकाम हासिल किया था। तब टाटा मोटर्स का नेट प्रॉफिट 5,330.6 करोड़ रुपये रहा था। तब टीसीएस का नेट प्रॉफिट 5,186.6 करोड़ रुपये और टाटा स्टील का 400.6 करोड़ रुपये रहा था।

कैसे हुआ कायापलट

हालांकि सालाना प्रॉफिट के मामले में टीसीएस अब भी टाटा ग्रुप की सबसे प्रॉफिटेबल कंपनी है। 2023-24 में उसका कुल प्रॉफिट 46,625 करोड़ रुपये रहा जबकि इस दौरान टाटा मोटर्स ने 32,078 करोड़ रुपये का प्रॉफिट कमाकर दिया। टाटा मोटर्स के मुनाफे में तेजी से ग्रुप की होल्डिंग कंपनी टाटा संस की वित्तीय ताकत भी बढ़ी है। टाटा मोटर्स बिक्री के हिसाब से मारुति और हुंडई के बाद देश की तीसरी सबसे बड़ी कंपनी बन गई है। पंच, नेक्सन, टियागो और अल्ट्रोज जैसे मॉडलों से कंपनी ने जबरदस्त वापसी की है। टाटा मोटर्स की मिनी एसयूवी पंच (Punch) देश की सबसे ज्यादा बिकने वाली मॉडल है। मार्च में पंच की बिक्री 17,547 यूनिट और अप्रैल में 19,158 यूनिट रही।

विश्लेषकों का कहना है कि टाटा मोटर्स यह देश की दूसरी सबसे बड़ी ऑटो कंपनी बन सकती है। इसकी वजह यह है कि कंपनी तेजी से नए मॉडल ला रही है और इलेक्ट्रिक कार बाजार में उसका दबदबा है। पंच के पेट्रोल, सीएनजी और इलेक्ट्रिक वर्जन उपलब्ध हैं। इसके पेट्रोल वर्जन की कीमत 6.1 लाख रुपये (एक्स-शोरूम दिल्ली) से शुरू होती है जबकि इलेक्ट्रिक वर्जन की कीमत 11 लाख रुपये से अधिक है। जैसे-जैसे कंपनी के मॉडल बाजार में ज्यादा स्वीकार्य होते जा रहे हैं, वैसे-वैसे उसका आत्मविश्वास भी बढ़ता जा रहा है। कंपनी मौजूदा मॉडलों में इलेक्ट्रिक वर्जन जोड़ रही है। साथ ही इलेक्ट्रिक या ग्रीन कारों को लाने पर भी काम कर रही है।

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