भोपाल के इस कैंपस ने 60 सालों में बदली देश की शिक्षा की तस्वीर, तैयार किए जा रहे हैं नेशनल एजुकेशन पॉलिसी के 'मास्टर ट्रेनर्स'

Updated on 05-09-2026 12:29 PM

 भोपाल। शिक्षा की नीव मजबूत करने में शिक्षक की भूमिका सबसे अहम होती है। ऐसे में बेहतर और आधुनिक टीचिंग स्टाइल तैयार करना किसी भी व्यवस्था की बड़ी जरूरत है। इसी दिशा में राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) की प्रमुख इकाई क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान (RIE), भोपाल पिछले छह दशकों से महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

श्यामला हिल्स में बना यह संस्थान आज मध्य भारत ही नहीं, बल्कि पूरे देश में शिक्षकों को ट्रेनिंग देने, नई रिसर्च करने और पढ़ाई-लिखाई में नए तरीके अपनाने का एक बड़ा केंद्र बन चुका है। 100 एकड़ से भी ज्यादा बड़े इलाके में फैले इस कैंपस में सेंट्रल लाइब्रेरी, साइंस और मैथ्स की लैब, एजुकेशनल टेक्नोलॉजी लैब, हॉस्टल, खेल के मैदान, इंडोर स्पोर्ट्स सेंटर, जिम और एक बड़ा मल्टीपर्पस हॉल जैसी कई सुविधाएं मौजूद हैं।

1963 में हुई थी शुरुआत

RIE भोपाल की शुरुआत 1963 में हुई थी। भारत सरकार ने देश के अलग-अलग क्षेत्रों में स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने और मानक शिक्षक प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के उद्देश्य से क्षेत्रीय शिक्षा महाविद्यालय स्थापित किए थे।

बाद में 1995 में पुनर्गठन के बाद इसका नाम क्षेत्रीय शिक्षा संस्थान (RIE) कर दिया गया। वर्तमान में RIE भोपाल मध्यप्रदेश के साथ छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, गुजरात, गोवा और दादरा एवं नगर हवेली और दमन एवं दीव क्षेत्र की शैक्षणिक जरूरतों में योगदान दे रहा है।

सिर्फ नए शिक्षकों की ट्रेनिंग तक सीमित नहीं

RIE भोपाल का काम सिर्फ उन छात्रों को पढ़ाना नहीं है जो टीचर बनना चाहते हैं, बल्कि यह पहले से पढ़ा रहे शिक्षकों को भी लगातार बेहतर बनाने के लिए ट्रेनिंग देता है।

यहां 4 साल के इंटीग्रेटेड B.Sc-B.Ed और B.A-B.Ed, 2 साल के B.Ed और M.Ed, 3 साल के B.Ed-M.Ed, गाइडेंस और काउंसलिंग में डिप्लोमा, और एजुकेशन में Ph.D जैसे कई कोर्स कराए जाते हैं।

यह संस्थान 4 साल वाले इंटीग्रेटेड टीचर एजुकेशन प्रोग्राम को बढ़ावा देने वाले मुख्य संस्थानों में से एक रहा है। नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP 2020) में भी इस 4 साल वाले कोर्स को बहुत खास और जरूरी माना गया है।

AI और डिजिटल तकनीक का भी ज्ञान

RIE भोपाल पहले से काम कर रहे शिक्षकों के लिए समय-समय पर रिफ्रेशर कोर्स, वर्कशॉप और सेमिनार आयोजित करता है। नेशनल करिकुलम फ्रेमवर्क (NCF) और नई राष्ट्रीय शिक्षा नीति (NEP) को सही तरीके से लागू करने के लिए यहां मास्टर ट्रेनर्स (मुख्य प्रशिक्षक) भी तैयार किए जाते हैं।

इसके अलावा, शिक्षकों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), डिजिटल तकनीक, स्मार्ट क्लास सँभालने, लैब में सिखाने, समावेशी शिक्षा (सबको साथ लेकर पढ़ाना) और खास जरूरतों वाले बच्चों को पढ़ाने जैसे विषयों पर ट्रेनिंग दी जाती है।

इस संस्थान के जरिए अब तक बहुत बड़ी संख्या में शिक्षकों को ट्रेनिंग दी जा चुकी है

DMS बना नए शिक्षकों के लिए ‘लाइव लैब’

RIE कैंपस में चलने वाला 'डेमोंस्ट्रेशन मल्टीपर्पस स्कूल' (DMS) भविष्य के शिक्षकों के लिए सीखने की एक असली लैब की तरह काम करता है।

यहां टीचर बनने वाले छात्र बच्चों को ध्यान में रखकर पढ़ाने के नए तरीकों, पढ़ाई की सामग्री (TLM) और प्रैक्टिकल पढ़ाई का सीधा अभ्यास करते हैं। CBSE बोर्ड से जुड़ा यह स्कूल नई-नई तकनीकों से पढ़ाने, खेलकूद और कला को पढ़ाई से जोड़ने के लिए एक मॉडल (आदर्श) स्कूल के रूप में जाना जाता है।

शिक्षा नीति और पाठ्यक्रम निर्माण में भी योगदान

RIE भोपाल का काम सिर्फ क्लास लेने और ट्रेनिंग देने तक सीमित नहीं है। यह संस्थान राज्यों के शिक्षा विभागों, SCERT और DIET के साथ मिलकर सिलेबस बदलने, नई किताबें बनाने और शिक्षकों के लिए गाइड बुक तैयार करने में मदद करता है।

बच्चों के सीखने के स्तर, पढ़ाई छोड़ने वाले छात्रों और स्कूली शिक्षा से जुड़ी अलग-अलग समस्याओं पर की गई रिसर्च भी शिक्षा व्यवस्था को सुधारने और नए नियम-नीतियां बनाने में काफी काम आती है।

इस तरह RIE भोपाल ने पिछले 60 से ज्यादा सालों में सिर्फ टीचर तैयार करने का काम नहीं किया, बल्कि पढ़ाई में नई खोजों, नए प्रयोगों और नीतियां बनाने में अपनी भूमिका को लगातार बढ़ाया है।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 17 September 2026
गयाजी: बिहार पर्यटन निगम ने वैसे लोगों के लिए बड़ी सुविधा दी है जो दूर देश में रहते हैं या फिर गयाजी आकर पुरखों का पिंडदान करने में असमर्थ हैं।…
 17 September 2026
शामली: यूपी के शामली में पुलिस ने आयुष मलिक के धर्म परिवर्तन से जुड़े मामले में भ्रामक सूचना प्रसारित करने के आरोप में छह सोशल मीडिया अकाउंट पर एफआईआर दर्ज…
 17 September 2026
​​अहमदाबाद/वडनगर: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 76वें जन्मदिन पर उनके बचपन के दोस्तों ने अपने बधाई संदेशों में भावनाएं व्यक्त की हैं। वडनगर से पीएम के बचपन के मित्र श्यामलदास ने लिखा…
 17 September 2026
पटना: बिहार सरकार के विभिन्न विभागों और जिला प्रशासनों की ओर से 17 सितंबर 2026 से 'सेवा संकल्प अभियान' का आगाज किया जा रहा है। इस अभियान के तहत राज्यभर…
 17 September 2026
चंडीगढ़: पंजाब के मानसा जिले की बरेटा मंडी की एक छोटी सी वर्कशॉप में तैयार किए गए फावड़े 12 सितंबर को भारत मंडपम में हुए BRICS समारोह का हिस्सा बने।…
 17 September 2026
इंदौर: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत 17 सितंबर से मध्यप्रदेश के दौरे पर रहेंगे। उनके दौरे की शुरुआत इंदौर से होगी। यहां पहुंचने के बाद वे उज्जैन…
 16 September 2026
श्रीनगर : भारतीय रेलवे के जम्मू डिवीजन ने रेल के ज़रिए सीमेंट की अपनी पहली इंटरनल ढुलाई की है। इसके तहत शहीद कैप्टन सुनील कुमार चौधरी कठुआ रेलवे स्टेशन से…
 16 September 2026
पटना: बिहार की राजनीति और मिथिलांचल के लिए एक बड़ा गौरवपूर्ण अवसर सामने आया है। मधुबनी जिले की राजनगर विधानसभा सीट से भारतीय जनता पार्टी के विधायक और भाजपा अनुसूचित…
 16 September 2026
पटना: समान नागरिक संहिता (UCC) के मुद्दे पर बिहार में सियासी पारा चढ़ गया है। नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव लगातार नीतीश कुमार और जेडीयू के पक्ष में बयान दे रहे…
Advt.