शार्क टैंक के जजों से जिसे न मिली फूटी कौड़ी, उसने बना दी कंपनी करोड़ों की! आखिर आइडिया क्‍या था

Updated on 12-04-2024 01:47 PM
नई दिल्‍ली: सफलता की यह कहानी ऐसे शख्‍स की है जिसने फैशन के अनूठे तरीके को पेश किया। उनके आइडिया पर पहले किसी को भरोसा नहीं हुआ। यहां तक शार्क टैंक के मंच से भी वह खाली हाथ लौटा दिए गए थे। हालांकि, उन्‍होंने इस बात की परवाह नहीं की। उनकी कोशिश जारी रही। आज उनकी कंपनी करोड़ों की बन चुकी है। उद्योगजगत में अपनी मेहनत के बल पर सफलता हासिल करने वाले ये शख्‍स हैं- यश गंगवाल। वह अर्बन मंकी के संस्‍थापक हैं। यह कंपनी पुरुषों और महिलाओं के लिए स्ट्रीटवियर कपड़े बेचती है। यह ब्रांड सिर्फ स्टाइलिश परिधानों के बारे में नहीं है। अलबत्‍ता, यह परंपरागत फैशन से हटकर एक लाइफस्‍टाइल रेवॉल्‍यूशन है।

कब शुरू हुई कंपनी?

अर्बन मंकी को शुरू करने के पीछे यश गंगवाल का आइडिया ऐसे स्‍ट्रीटवियर कपड़े बनाना था जो ट्रेडिशनल से हटकर हों। जो एक खास सोच का प्रतिनिधित्‍व करते हों। ये उनके लिए हों जो कुछ बड़ा और अलग करने के सपने देखते हैं। जिन्‍हें खुद पर अटूट विश्‍वास हो। जो खूब ऊधम मचाते हों। जो सबकुछ बदलने की कूव्‍वत रखते हों। इसी ग्रुप को ध्‍यान में रखकर अर्बन मंकी को अस्तित्व में लाया गया। यश गंगवाल ने 2014 में कैप, वॉलेट और शर्ट के साधारण कलेक्‍शन के साथ ब्रांड की शुरुआत की। आज कंपनी की प्रोडक्‍ट रेंज दस से अधिक कैटेगरी में बढ़कर 500 से ज्‍यादा वस्तुओं तक फैल चुकी है।

बिक्री में किन प्रोडक्‍ट का दबदबा?

अर्बन मंकी का कलेक्‍शन मुख्य रूप से स्ट्रीटवियर फैशन पर फोकस्‍ड है। ब्रांड ग्राहकों के साथ सीधा संबंध बनाकर अपने प्रोडक्‍ट विशेष रूप से अपनी वेबसाइट पर बेचता है। उसके कलेक्‍शन में कैप और शर्ट से लेकर बटुए और सनग्‍लास तक सब कुछ शामिल है। अर्बन मंकी की बिक्री में आईवियर और कैप का दबदबा है। ये उसकी कुल बिक्री में 30% और 40% का योगदान देते हैं।

अपनी वेबसाइट बनाने का फैसला किया

'बेवकूफ' जैसे अन्य ब्रांडों की तुलना में अर्बन मंकी की यूनीकनेस के बारे में यश कहते रहे हैं कि अर्बन मंकी के प्रोडक्‍ट सिर्फ एस्‍थेटिक्‍स या सुंदरता से जुड़े नहीं हैं। अलबत्‍ता, ये खास तरह की कार्यक्षमता का प्रतिनिधित्‍व करते हैं। कंपनी 'बेवकूफ' जैसे ब्रांडों की तुलना में अलग तरह के कस्‍टमर सेगमेंट को टारगेट करती है। शुरुआत में अर्बन मंकी ने तीन साल तक अलग-अलग ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर अपने प्रोडक्‍ट बेचे। हालांकि, SEO की चुनौतियों के कारण उन्होंने इन प्रोडक्‍टों को विशेष रूप से अपनी वेबसाइट पर बेचने का फैसला लिया। वर्तमान में कंपनी की 30% बिक्री Google सर्च से होती है।

शार्क टैंक के जजों से नहीं मिला पैसा

शुरुआती साल अर्बन मंकी के लिए चुनौतीपूर्ण थे। ब्रांड अमेजन और फ्लिपकार्ट जैसे ऑनलाइन मार्केटप्लेस पर कुछ खास कामयाबी नहीं हासिल कर पाया था। हालांकि, एक बार जब यश ने अपना मार्केटप्‍लेस बनाने का फैसला लिया तो ब्रांड चल निकला। यश गंगवाल ने शार्क टैंक इंडिया सीजन 2 में भी हिस्‍सा लिया था। लेकिन, उन्‍हें कोई निवेश नहीं मिला था। आज अर्बन मंकी का सालाना टर्नओवर लगभग 12 करोड़ रुपये है। वर्तमान में इसकी वैल्यूएशन 100 करोड़ रुपये है।


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