कोलकाता रेप-मर्डर केस का एक साल, डॉक्टरों ने रैली निकाली:संगठन बोला- CBI मामले में साजिश की बात कर रही, जांच कब पूरी होगी

Updated on 09-08-2025 01:59 PM

कोलकाता के आरजी कर हॉस्पिटल में ट्रेनी डॉक्टर का रेप और मर्डर की घटना को आज एक साल हो रहा गया है। इसको लेकर जूनियर डॉक्टरों और सिविल सोसायटी मेंबर्स ने शुक्रवार को कोलकाता में मशाल रैली निकाली।

पीड़िता के लिए लड़ रहे संगठन अभया मंच के डॉ. सुवर्ण गोस्वामी ने कहा- जांच एजेंसी CBI मामले में बड़ी साजिश की बात कह रही है, लेकिन पता नहीं उसकी यह जांच कब तक पूरी होगी?

सुवर्ण गोस्वामी ने सवाल किया कि आखिर एक साल बाद भी सप्लीमेंट्री चार्ज क्यों दायर नहीं हुआ है। हम पहले से ही कहते रहे हैं कि यह किसी एक व्यक्ति का काम नहीं है। बावजूद इसके CBI किसी दूसरे आरोपी का पता तक नहीं लगा सकी।

पहले जानिए इस केस के बारे में

आरजी कर हॉस्पिटल में 8-9 अगस्त की रात ट्रेनी डॉक्टर का रेप-मर्डर हुआ था। 9 अगस्त की सुबह डॉक्टर की लाश सेमिनार हॉल में मिली थी। CCTV फुटेज के आधार पर पुलिस ने संजय रॉय नाम के सिविक वॉलंटियर को 10 अगस्त को अरेस्ट किया था। 20 जनवरी को उसे उम्रकैद की सजा सुनाई गई। इस घटना के बाद कोलकाता समेत देशभर में प्रदर्शन हुए। बंगाल में 2 महीने से भी ज्यादा समय तक स्वास्थ्य सेवाएं ठप रही थीं।

CBI अधिकारी बोला- हम घटना में पर्दे के पीछे की साजिश की जांच कर रहे

CBI के एक अधिकारी ने नाम नहीं छापने की शर्त पर दैनिक भास्कर को बताया कि हम इस घटना में पर्दे के पीछे की साजिश की जांच कर रहे हैं। टाला थाने के ऑफिसर इंचार्ज की भूमिका और उसे जुड़े एक सिम कार्ड की भी जांच की जा रही है। एजेंसी सुप्रीम कोर्ट में 7 स्टेटस रिपोर्ट जमा कर चुकी है।

बीते सप्ताह CBI की एक टीम ने पीड़िता के घर जाकर उसके माता-पिता से मुलाकात कर बताया था कि उनके दावों के विपरीत सिर्फ एक ही व्यक्ति ने उनकी पुत्री के साथ दुष्कर्म के बाद उसकी हत्या कर दी थी।

पीड़िता के पिता बताते हैं कि हमने सीबीआई के दावों के उलट उनको इस बात के सबूत दिखाए जिनके आधार पर हमारा मानना है कि इस घटना में कई अन्य लोग भी शामिल थे। हालांकि उन्होंने उन सबूतों के बारे में बताने से इनकार कर दिया।

दोषी संजय को उम्रकैद की सजा सुनाई

इस मामले में 18 जनवरी को कोर्ट ने संजय को दोषी करार दिया था और 20 जनवरी को उम्रकैद की सजा सुनाई गई। हालांकि ट्रेनी डॉक्टर की फैमिली केस की जांच से संतुष्ट नहीं हुए। उनका कहना था कि CBI ने असली कातिल को नहीं पकड़ा। अदालत ने 162 दिन बाद फैसला सुनाया था। CBI ने आरोपी संजय के लिए फांसी की मांग की है। वहीं, संजय की बड़ी बहन ने कहा कि ट्रायल कोर्ट के इस फैसले को किसी भी अदालत में चुनौती देने की कोई योजना नहीं है।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 22 September 2026
पूनम पाण्डे: पेपर लीक के खिलाफ युवाओं ने जंतर-मंतर पर आंदोलन किया, सरकार से सवाल पूछे और फिर दिल्ली यूनिवर्सिटी छात्रसंघ चुनाव (DUSU) में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ का छात्र संगठन,…
 22 September 2026
नई दिल्ली: एक इमारत गिरी और 7 लोगों की जान चली गई... इस हादसे ने सिर्फ दिल्ली के सत्य निकेतन को नहीं, बल्कि देश के तेजी से फैलते शहरों में…
 22 September 2026
नई दिल्ली: राजस्थान का जोधपुर एयरबेस जल्द ही दुनिया की कई प्रमुख वायु सेनाओं की ताकत का गवाह बनने वाला है। यहां 26 सितंबर से 12 अक्टूबर तक मल्टीनेशनल एयर…
 22 September 2026
नई दिल्ली: क्या कानूनी प्रक्रिया पूरी कर गोद लिए गए बच्चे को सालों बाद वापस किसी संस्था को सौंपा जा सकता है? अगर बच्चा बड़ा होने के साथ इतना आक्रामक…
 22 September 2026
नई दिल्ली: सिंधु जल समझौता रुकने से पाकिस्तान में बहुत ही छटपटाहट है। उसने इस समझौते को फिर से शुरू करवाने के लिए भारत पर दबाव बनाने के अपने सारे…
 22 September 2026
सी.आर. पाटिल, नई दिल्ली: जल हमें उन तरीकों से जोड़ता है, जिनमें बहुत कम दूसरे संसाधन जोड़ पाते हैं। नदियां प्रशासनिक सीमाओं को नहीं पहचानतीं। भूजल के स्रोत कई समुदायों…
 22 September 2026
नई दिल्ली: दिल्ली में वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिविजन यानी SIR के दौरान कई चौंकाने वाले मामले सामने आए हैं। पुरानी दिल्ली के 125 साल के वोटर श्याम मुखिजा…
 21 September 2026
BRICS के बढ़ते प्रभाव, भारत-चीन संबंधों, ऊर्जा सुरक्षा और UNSC में सुधार जैसे मुद्दों पर दुनिया की नजर है। ऐसे में भारत के लिए इस मंच की बदलती भूमिका कितनी…
 21 September 2026
नई दिल्ली: पश्चिम बंगाल में स्पेशल इंटेंसिव रिविजन ( SIR ) के बाद मतदाता सूची से हटाए गए अनगिनत वोटर शायद एक दशक तक वोट न दे पाएं। ऐसा इसलिए…
Advt.