8 हजार करोड़ से ज्यादा दबाकर बैठे एमपी के 'महाडिफॉल्टर

Updated on 20-03-2026 12:17 PM
भोपाल, देश भर में 'इरादतन ऋण ना चुकाने वालों' (Willful Defaulters) की टॉप- 10 लिस्ट में मध्य प्रदेश की कंपनियां न केवल शामिल हैं, बल्कि वे अरबों रुपए का बकाया दबाकर बैठी हैं। संसद में 2014 से लेकर 2025 तक के ऐसे लोन न चुकाने वालों की जानकारी मांगी गई थी।

27 फरवरी 2026 तक के आंकड़ों के अनुसार, अकेले एमपी से जुड़ी टॉप-2 कंपनियों पर ही ₹8,34,919 लाख (करीब 8,349 करोड़ रुपए) का कर्ज बकाया है।

देश की टॉप-10 सूची में एमपी का कनेक्शन

संसद में दी गई जानकारी के अनुसार, 31 मार्च 2025 की स्थिति में देश के शीर्ष 10 डिफॉल्टरों में एमपी से जुड़ी कंपनियां इस लिस्ट में शामिल हैं।

बीटा नेफ्थोल - खरगोन का वो 'दाग' जो देश में तीसरे नंबर पर

इसका रजिस्टर्ड ऑफिस इंदौर (सपना संगीता रोड) में है और मुख्य फैक्ट्री खरगोन जिले के बड़वाह में स्थित थी। कंपनी ने कई बैंकों से वर्किंग कैपिटल और टर्म लोन लिया, लेकिन उसे व्यवसाय में लगाने के बजाय अन्यत्र डाइवर्ट करने का आरोप है। इसे 2014 से ही विलफुल डिफॉल्टर की श्रेणी में रखा गया है।

बैंक ने इसे 'इरादतन चूककर्ता' घोषित कर इसकी संपत्तियों को कुर्क किया है । वर्तमान में यह कंपनी परिसमापन (Liquidation) की प्रक्रिया में है। प्रमोटरों के खिलाफ आपराधिक मामले दर्ज हैं।

गिल्ट पैक लिमिटेड - पीथमपुर का 'अरबपति' डिफॉल्टर

यह कंपनी धार जिले के पीथमपुर औद्योगिक क्षेत्र (सेक्टर-1) में स्थित है और इसका कॉर्पोरेट ऑफिस इंदौर के तुकोगंज में रहा है। इस कंपनी पर बैंक लोन की किश्तें जानबूझकर न चुकाने और वित्तीय अनियमितताओं के गंभीर आरोप हैं।

सेबी (SEBI) ने कंपनी और इसके निदेशकों को पूंजी बाजार से प्रतिबंधित कर दिया है। बैंक ने इनकी क्रेडिट सुविधा पूरी तरह रोक दी है और वसूली के लिए कानूनी वाद (Suits) दायर किए हैं।

एस कुमार्स (SKNL) - खंडवा और देवास का 'टेक्सटाइल किंग' जो डूबा

इस कंपनी का मुख्यालय मुंबई था, लेकिन, इसकी मुख्य उत्पादन इकाइयां देवास और खंडवा में थीं। भारी कर्ज लेकर उसे चुकाने में नाकाम रहने और फंड की हेराफेरी के आरोप है। वर्ष 2015 में यह कंपनी टॉप-10 की लिस्ट में 5वें नंबर पर थी।

SFIO (सीरियस फ्रॉड इन्वेस्टिगेशन ऑफिस)

ने इस ग्रुप के खिलाफ जांच की थी। देवास स्थित इनकी मिलों को बैंकों ने अपने कब्जे में लेकर नीलामी की कोशिशें की थीं।

रूची सोया - इंदौर से शुरू हुआ, दिवालिया होकर बिका

इसका जन्म और मुख्यालय इंदौर में ही था। साल 2019 की रिपोर्ट में यह ₹1,62,398 लाख के बकाया के साथ टॉप-10 में थी। सीबीआई (CBI) और अन्य एजेंसियों की जांच के बाद कंपनी IBC (दिवाला संहिता) के तहत गई । बैंकों का बकाया वसूलने के लिए इसका अधिग्रहण पतंजलि आयुर्वेद द्वारा किया गया।

जूम डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड: एमपी का सबसे पुराना और बड़ा ‘महाडिफॉल्टर’

देश के टॉप-10 बकाएदारों में शामिल जूम डेवलपर्स का मध्य प्रदेश से गहरा नाता है और इसके खिलाफ जांच एजेंसियों की सबसे बड़ी कार्रवाइयां हुई हैं। जूम डेवलपर्स का पंजीकृत कार्यालय इंदौर (यसंवत निवास रोड) में स्थित है। यह कंपनी RoC-ग्वालियर के पास पंजीकृत है। इसके प्रमोटर विजय चौधरी का मुख्य कार्यक्षेत्र इंदौर ही रहा है। संसद में दी गई जानकारी के अनुसार, यह कंपनी वर्ष 2014, 2015 और 2016 में देश के टॉप-10 इरादतन चूककर्ताओं की सूची में पहले स्थान पर थी ।



अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 20 June 2026
भोपाल, NEET परीक्षा को लेकर नगरीय यातायात पुलिस ने शहर में यातायात व्यवस्था बनाए रखने के लिए एडवायजरी जारी की है। परीक्षा 21 जून 2026 (रविवार) को दोपहर 2 बजे से…
 20 June 2026
भोपाल, अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के पूर्व राजधानी भोपाल योगमय नजर आई। शहर के प्रमुख स्थलों से लेकर स्टेडियम तक योग का उत्साह देखा गया। टीटी नगर स्टेडियम में आयोजित मुख्य कार्यक्रम…
 20 June 2026
भोपाल, मध्य प्रदेश के अलग-अलग विभागों और जिलों में कौन से आईएएस अफसर कब से कब तक पदस्थ रहे हैं और इस दौरान उन्हें कितना वेतन मिलता रहा है? उनके वेतन…
 20 June 2026
भोपाल। हाईसिक्योरिटी जोन 74 बंगला क्षेत्र भी अब चोरों के आतंक से सुरक्षित नहीं है। बदमाशों ने केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान सहित तीन मंत्रियों के सरकारी आवासों के…
 20 June 2026
भोपाल। प्रदेश में भोपाल, इंदौर-उज्जैन मेट्रोपालिटन क्षेत्र का निर्धारण हो चुका है। अब प्राधिकरण के गठन और शक्तियों को लेकर नियम का प्रारूप नगरीय विकास एवं आवास विभाग तैयार कर…
 20 June 2026
 भोपाल। बरकतउल्लाह विश्वविद्यालय (बीयू) के कुलगुरु प्रो. सुरेश कुमार जैन की अंततः रवानगी हो गई। उन्होंने कार्यकाल समाप्त होने से 91 दिन पूर्व ही पद से इस्तीफा दे दिया, जिसे…
 20 June 2026
भोपाल। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग और ऊर्जा संरक्षण के आह्वान के बाद मध्य प्रदेश सरकार ने शासकीय कार्यप्रणाली में मितव्ययता (फ्रूगैलिटी) बढ़ाने के लिए कई महत्वपूर्ण…
 20 June 2026
भोपाल। मध्यप्रदेश के लोगों के लिए सार्वजनिक परिवहन को लेकर बड़ी खबर सामने आई है। प्रदेश में 21 साल बाद सरकारी कंपनी की बसें दोबारा सड़कों पर दौड़ने जा रही…
 19 June 2026
भोपाल, राज्य शासन ने सोम डिस्टिलरीज समूह की इकाइयों द्वारा वर्ष 2026-27 के लिए पेश किए गए आबकारी लाइसेंसों के नवीनीकरण आवेदन निरस्त कर दिए हैं। नवीनीकरण के आवेदनों के निरस्तीकरण…
Advt.