भोपाल. प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग मे आईसीयू, एचडीयू और लेबर-डिलीवरी-रिकवरी (एलडीआर) कॉम्प्लेक्स में सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (सीओई) का उद्घाटन कार्यपालक निदेशक प्रोफेसर (डॉ) अजय सिंह और मुख्य अतिथि सुदाम खाड़े, स्वास्थ्य आयुक्त, मध्य प्रदेश सरकार , एन एच एम –एमपी की प्रियंका दास, एमडी, एनएमएच-एमपी, एन एच एम एम पी के मातृत्व स्वास्थ्य डिवीजन की उप निदेशक डॉ. अर्चना मिश्रा द्वारा किया गया ।आयोजन टीम का नेतृत्व प्रसूति एवं स्त्री रोग विभाग की प्रमुख डॉ. के. पुष्पलता ने किया, जो सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की नोडल अधिकारी हैं । मध्य प्रदेश निरंतर उच्च मातृ रुग्णता एवं मृत्यु दर की चुनौती का सामना कर रहा है ।यह उत्कृष्टता केंद्र एम्स, भोप्पल तथा एन एच एम – एम पी के सहयोग से स्थापित किया गया है । इसका उद्देश्य गर्भवती महिलाओं की गंभीर जटिल समस्याओं के निदान की क्षमता को मजबूत बनाना है ताकि मातृ मृत्यु दर मे कमी के सुरक्षात्मक उपाय किए जा सकें ।
- प्रसव के बाद महिलाओं की देखभाल के लिए एक 10 बिस्तरों का नया अतिरिक्त वार्ड बनाया गया है ।
- लेबर एवं डिलेवरी क्षेत्र में आधुनिक एल डी आर कांसेप्ट सुविधायुक्त ऐसे 10 नए डिलेवरी बेड जोड़े गए जिनमे एक महिला के लेबर कक्ष आने पर उसकी देखभाल उसी बेड मे की जाती है यह लेबर बेड के रूप मे प्रयोग होता है और प्रसव के बाद पुनः तत्काल देखभाल के लिए इस पर रखा जाता है । इससे महिला को बार बार बेड बदलने की अवश्यकता नहीं होती और डिलेवरी के समय महिला के देखभाल एकीकृत ढंग से की जाती है ।