देश के बड़े कॉरपोरेट घरानों में शामिल गोदरेज ग्रुप का हुआ बंटवारा, देखें किसको क्या मिला

Updated on 01-05-2024 01:48 PM
नई दिल्ली: देश के सबसे पुराने और बड़े कॉरपोरेट घरानों में शामिल गोदरेज परिवार (Godrej Family) में बंटवारा होने जा रहा है। गोदरेज परिवार ने 59,000 करोड़ रुपये ($7 बिलियन) के लॉक-टू-लैंड डेवलपमेंट ग्रुप को बांटने के लिए एक समझौता किया है। साबुन और घरेलू उपकरणों से लेकर रियल एस्टेट तक फैले 127 साल पुराने गोदरेज समूह (Godrej Group) का बंटवारा होगा। समझौते के तहत आदि गोदरेज और उनके भाई नादिर गोदरेज को गोदरेज ग्रुप की 5 लिस्टेड कंपनियों - गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स, गोदरेज प्रॉपर्टीज, गोदरेज इंडस्ट्रीज, गोदरेज एग्रोवेट और एस्टेक लाइफसाइंसेज का पूरा स्वामित्व मिलेगा। वहीं जमशेद और उनकी बहन स्मिता को अनलिस्टेड कंपनियों और लैंड बैंक (भूखंड) का पूरा नियंत्रण मिलेगा। इनके दूसरे चचेरे भाई रिशाद के पास भी गोदरेज कंपनियों में हिस्सेदारी है, लेकिन उनकी कंपनी में कोई औपचारिक भूमिका नहीं है।
इस तरह होगा बंटवारा
दोनों शाखाओं ने ग्रुप की कंपनियों में शेयर रखे हैं और एक-दूसरे की कंपनियों के बोर्ड में भी शामिल रहे हैं, लेकिन अब वह बोर्ड से हटने के बाद अपनी इक्विटी हिस्सेदारी को स्थानांतरित करेंगे ताकि स्पष्ट अलगाव हो सके। आदि और नादिर गोदरेज एंड बॉयस में अपने शेयर जमशेद और स्मिता को बेचेंगे, जबकि स्मिता और जमशेद गोदरेज कंज्यूमर प्रोडक्ट्स और गोदरेज प्रॉपर्टीज में अपने शेयर आदि और नादिर को देंगे। रिशाद जो अविवाहित हैं, कथित तौर पर अपनी मृत्यु के बाद अपनी संपत्ति को परिवार के अन्य सदस्यों में बराबर-बराबर बांट देंगे। परिवार की ओर से देर शाम जारी बयान के मुताबिक, दोनों पक्ष अपने-अपने कारोबार के लिए गोदरेज ब्रांड का इस्तेमाल करना जारी रखेंगे।
इतनी है हिस्सेदारी
गोदरेज एंड बॉयस में आदि, नादिर, जमशेद, स्मिता और रिशाद की करीब 10-10 फीसदी हिस्सेदारी है, जबकि करीब 24 फीसदी हिस्सेदारी पिरोजशा गोदरेज फाउंडेशन (परिवार द्वारा बनाया गया एक परोपकारी ट्रस्ट) के पास है और 27 फीसदी हिस्सेदारी गोदरेज इन्वेस्टमेंट के पास है। पांचों लिस्टेड कंपनियों का बाजार पूंजीकरण 2.4 लाख करोड़ रुपये (29 अरब डॉलर) है। इनका रेवेन्यू 41,750 करोड़ रुपये (5 अरब डॉलर) से ज्यादा है। इनका मुनाफा 4,175 करोड़ रुपये (500 मिलियन डॉलर) का है। गोदरेज एंड बॉयस का राजस्व करीब 2 अरब डॉलर और प्री टैक्स प्रॉफिट 72 मिलियन डॉलर है।

बयान में कही ये बात

गोदरेज एंड बॉयस और उसकी सहयोगी कंपनियों पर अब जमशेद, स्मिता की बेटी नायरिका होलकर और उनके नजदीकी परिवार का नियंत्रण होगा। गोदरेज इंडस्ट्रीज और अन्य चार सूचीबद्ध कंपनियों पर आदि, नादिर और उनके नजदीकी परिवार का नियंत्रण होगा। बयान में कहा गया है कि आदि के बेटे पिरोजशा जीआईजी (गोदरेज इंडस्ट्रीज ग्रुप) के कार्यकारी उपाध्यक्ष होंगे और अगस्त 2026 में नादिर गोदरेज के स्थान पर अध्यक्ष बनेंगे। यह देखना अभी बाकी है कि गोदरेज एंड बॉयस के तहत ग्रुप की 3,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की रियल एस्टेट संपत्ति को दोनों पक्षों के बीच कैसे विभाजित किया जाएगा।

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