गौतम अडानी के बड़े भाई ने तीन कंपनियों से चुपचाप किया किनारा, हिंडनबर्ग रिसर्च में हुई थी खूब चर्चा

Updated on 27-04-2023 08:02 PM
नई दिल्ली: अमेरिका की शॉर्ट सेलिंग कंपनी हिंडनबर्ग रिसर्च (Hindenburg Research) ने 24 जनवरी को अडानी ग्रुप (Adani Group) के बारे में एक निगेटिव रिपोर्ट जारी की थी। इसमें ग्रुप के चेयरमैन गौतम अडानी (Adani Group) के बड़े भाई विनोद अडानी (Vinod Adani) का नाम सबसे ज्यादा बार आया था। रिपोर्ट में दावा किया गया था कि विदेश में रहने वाले विनोद अडानी ने अडानी ग्रुप में कथित फ्रॉड के लिए ऑफशोर कंपनियों के एक नेटवर्क का इस्तेमाल किया था। ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट में दावा किया गया है कि विनोद अडानी ने फरवरी में तीन कंपनियों के डायरेक्टर पद से इस्तीफा दे दिया था। ये कंपनियां ऑस्ट्रेलिया में अडानी परिवार की कोल माइन से जुड़ी हैं।


हिंडनबर्ग रिसर्च की रिपोर्ट में दावा किया गया था कि अडानी ग्रुप ने शेयरों की कीमत के साथ छेड़छाड़ की है। हालांकि अडानी ग्रुप ने इन आरोपों का खंडन किया लेकिन इस रिपोर्ट के कारण अडानी ग्रुप के शेयरों में एक महीने से अधिक समय तक भारी गिरावट आई थी। सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले की जांच के आदेश दिए थे। लेकिन उससे कुछ दिन पहले ही विनोद अडानी ने तीन कंपनियों के डायरेक्टर पद छोड़ दिया था। इनमें कार्मिकेल रेल एंड पोर्ट सिंगापुर, कार्मिकेल रेल सिंगापुर और एबट पॉइंट टर्मिनल एक्सपेंशन शामिल हैं। हालांकि वह सिंगापुर स्थित कंपनी एबट पॉइंट पोर्ट होल्डिंग्स के बोर्ड में बने हुए हैं।

क्या हैं आरोप


इस बीच मार्केट रेगुलेटर सेबी इस बात की जांच कर रहा है कि अडानी ग्रुप और विनोद अडानी के बीच हुए कुछ ट्रांजैक्शंस के बारे में सही ढंग से खुलासा किया गया था या नहीं। अडानी ग्रुप के एक प्रतिनिधि ने कहा कि विनोद अडानी ग्रुप की कुछ कंपनियों में शेयरहोल्डर हैं लेकिन कार्मिकेल माइन के विकास या उससे जुड़े इन्फ्रास्ट्रक्चर में उनका कोई मैनेजमेंट रोल नहीं है। विनोद अडानी के इस्तीफे के बारे में अडानी ग्रुप ने सवालों का जवाब नहीं दिया। विनोद अडानी ने भी उन्हें ईमेल से भेजे गए सवालों का जवाब नहीं दिया। हिंडनबर्ग की रिपोर्ट में दावा किया गया था कि विनोद अडानी ने दर्जनों शेल कंपनियों के जरिए अडानी ग्रुप के अरबों डॉलर को आरपार किया था।

अडानी ग्रुप का कहना है कि विनोद अडानी प्रमोटर ग्रुप का हिस्सा हैं। उसका साथ ही कहना है कि उसने सभी जरूरी डिस्क्लोजर किए हैं। लेकिन ग्रुप उनके बिजनस के बारे में सवालों से बचता रहा है। उसका कहना है कि विनोद अडानी ग्रुप की किसी भी लिस्टेड कंपनी या उनकी सब्सिडियरी कंपनियों के मैनेजमेंट में नहीं है, इसलिए उनके बिजनस से जुड़े सवालों का कोई मतलब नहीं है। ब्लूमबर्ग की एक रिपोर्ट में दावा किया गया था कि विनोद अडानी का अडानी ग्लोबल के दुबई ऑफिस में एक कैबिन है और वह रोज दो-तीन घंटे इसमें बैठते हैं। लेकिन अडानी ग्रुप के प्रतिनिधि ने कहा कि इस तरह के सवालों का कोई मतलब नहीं है। 74 साल के विनोद अडानी दुबई में एक फैमिली इनवेस्टमेंट ऑफिस चलाते हैं। IIFL Wealth Hurun India Rich List 2022 में विनोद अडानी को सबसे अमीर एनआरआई बताया गया था। हाल का वर्षों में वह अडानी ग्रुप के कई बड़े फैसलों में शामिल रहे हैं। इनमें सीमेंट कंपनियों के अधिग्रहण से ग्रीन एनर्जी बिजनस शामिल है।

अन्य महत्वपुर्ण खबरें

 08 September 2026
नई दिल्ली: मध्य पूर्व में जारी तनाव, कच्चे तेल की बढ़ती कीमत, बिकवाली समेत अन्य वजहों से घरेलू शेयर बाजार में भारी गिरावट देखी जा रही है। आज मंगलवार को…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत में घरेलू कोयले से गैस और औद्योगिक ईंधन बनाने की योजना को लेकर कंपनियों की दिलचस्पी सामने आई है। केंद्र सरकार की कोयला गैसीकरण योजना के पहले…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत की पहली स्वदेशी बुलेट ट्रेन का ट्रायल कब होगा, इसकी जानकारी केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने मंगलवार को दी। साथ ही उन्होंने यह भी बताया कि…
 08 September 2026
नई दिल्ली: भारत और बांग्लादेश के बीच बंद पड़ी यात्री ट्रेन सेवाओं को फिर से शुरू करने की दिशा में बातचीत शुरू हो गई है। दोनों देशों के रेलवे अधिकारियों…
 05 September 2026
नई दिल्ली: ईरान युद्ध के कारण कच्चे तेल की कीमत में काफी तेजी आई थी और यह 120 डॉलर प्रति बैरल के करीब पहुंच गया था। शुक्रवार को इंटरनेशनल बेंचमार्क…
 05 September 2026
नई दिल्ली: एस्सेल ग्रुप के चेयरमैन और जी के फाउंडर सुभाष चंद्रा की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। सीबीआई ने चंद्रा और अन्य लोगों के खिलाफ…
 05 September 2026
नई दिल्ली: आपने कई बार देखा होगा कि जरूरत पड़ने पर जब किसी बीमा कंपनी से इंश्योरेंस क्लेम (बीमा दावा) किया जाता है तो वह कई बार रिजेक्ट भी हो…
 05 September 2026
नई दिल्‍ली: एग्रीकल्चर एनालिस्ट देविंदर शर्मा ने भारत की कृषि नीति पर नए सिरे से विचार करने की मांग की है। उनका तर्क है कि इथेनॉल, फर्टिलाइजर प्रोडक्शन और ट्रेड…
 31 August 2026
नई दिल्ली: देश में करोड़ों की संख्या में लोग क्रेडिट कार्ड का इस्तेमाल कर रहे हैं। अब फेस्टिव सीजन की शुरुआत भी हो रही है। इसको देखते हुए क्रेडिट कार्ड…
Advt.