
नाबालिग से दुष्कर्म और पॉक्सो के मामले में गिरफ्तार वकील यावर खान की जमानत अर्जी विशेष न्यायाधीश एवं एडीजे कुमुदिनी पटेल की कोर्ट ने सोमवार को खारिज कर दी। यावर को शनिवार रात अशोका गार्डन पुलिस ने बैरसिया रोड से गिरफ्तार किया था। रविवार को उसे जेल भेज दिया गया। इधर, जमानत अर्जी खारिज होते ही यावर के समर्थक वकील भड़क गए।
दिनभर वे कोर्ट परिसर में सक्रिय रहे। शाम को नारेबाजी शुरू कर दी। इसी दौरान कोर्ट में कवरेज के लिए दैनिक भास्कर के संवाददाता अली अख्तर सहित अन्य पत्रकार भी मौजूद थे। पत्रकारों की कोर्ट में मौजूदगी और मीडिया रिपोर्ट पर आपत्ति जताते हुए 20 से अधिक वकील अचानक पत्रकारों पर टूट पड़े।
यावर के साथी वहीद खान, आनंद समेत कई वकीलों ने अली अख्तर और नीरज मिश्रा को घेरकर मारपीट की। दोनों जान बचाने के लिए कोर्ट रूम में भागे तो वकील भी पीछे-पीछे अंदर घुस गए।
हालात बिगड़ते देख जज ने वकीलों को कोर्ट की अवमानना की चेतावनी दी। इसके बाद वकील बाहर निकले। हमले के कारण कोर्ट में अफरा-तफरी मच गई। पत्रकारों को चोटें आईं और जज को भी सुरक्षा घेरा बनाकर बाहर निकाला गया। घटना के बाद एमपीनगर पुलिस ने हमलावर वकीलों के खिलाफ घेरकर मारपीट, जान से मारने की धमकी और गाली-गलौज समेत अन्य धाराओं में एफआईआर दर्ज की।
नाबालिग को अगवा कर बेचा, दुष्कर्म हुआ, उन्हीं आरोपियों का केस लड़ रहा था यावर
...जबकि कई बार वकीलों ने ऐसे आरोपियों का केस तक नहीं लड़ा मप्र में कई उदाहरण हैं, जब वकीलों ने नाबालिग के शोषण के आरोपी का केस नहीं लड़ा।